Yuva India : बैंक ग्राहकों के लिए अगले कुछ दिन काफी महत्वपूर्ण रहने वाले हैं। आज रविवार को सरकारी बैंकों की 1,000 से अधिक शाखाएं खुली रहेंगी, जबकि इसके बाद सोमवार से बुधवार तक करीब 11 हजार बैंक कर्मचारी तीन दिवसीय हड़ताल पर रहेंगे। इसके चलते शाखाओं में चेक क्लियरेंस, लोन, लॉकर और काउंटर से जुड़े कैश लेनदेन प्रभावित हो सकते हैं।
हड़ताल के बाद गुरुवार को बैंक सामान्य रूप से खुलेंगे, जबकि शुक्रवार, दो अक्टूबर को गांधी जयंती के कारण बैंक बंद रहेंगे।
तीन दिन की हड़ताल से 12 हजार करोड़ के लेनदेन पर असर संभव
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस की तीन दिवसीय हड़ताल के कारण देशभर में बड़ी संख्या में बैंक कर्मचारी काम से दूर रहेंगे। इससे करीब 12 हजार करोड़ का लेनदेन प्रभावित होने की आशंका है।
ऑल इंडिया स्टेट बैंक ऑफिसर्स कॉन्फेडरेशन के स्टेट सेक्रेटरी पंकज शर्मा के अनुसार, तीन दिनों में बैंकिंग गतिविधियों पर असर पड़ सकता है। इससे पहले 11 सितंबर की हड़ताल में भी 500 करोड़ से अधिक के लेनदेन प्रभावित होने की बात सामने आई थी।
आज ही निपटा लें ये जरूरी बैंकिंग काम
हड़ताल से पहले ग्राहकों को कुछ जरूरी काम निपटाने की सलाह दी गई है। इनमें प्रमुख हैं:
1.आटीईआर चालान/टैक्स पेमेंट:
टैक्स ऑडिट वाली कंपनियों और बिजनेस क्लास के लिए इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करने की अंतिम तारीख 30 सितंबर है। इसलिए टैक्स से जुड़े जरूरी भुगतान और चालान का काम समय से पूरा कर लें।
2. चेक क्लियरेंस और कैश विड्रॉल:
अगर चेक या विड्रॉल फॉर्म के जरिए बैंक से नकदी निकालनी है, तो इसे पहले ही निपटा लेना बेहतर रहेगा।
3. लॉकर और लोन से जुड़े काम:
बैंक विजिट से जुड़े लॉकर और लोन संबंधी जरूरी काम हड़ताल से पहले पूरे करने की सलाह दी गई है।
4. एटीएम से जुड़े काम:
ट्रांजिट में करीब 1,050 एटीएम में रविवार को कैश रिफिल किया जाना है। हालांकि हड़ताल के दौरान आउटसोर्स एजेंसियों को बैंक से कैश नहीं मिलने की स्थिति में कुछ एटीएम में नकदी की कमी हो सकती है।
डिजिटल बैंकिंग सेवाएं रहेंगी जारी
हड़ताल के दौरान बैंक शाखाओं के काउंटर से जुड़ी सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं, लेकिन यूपीआई, कस्टमर कॉन्टैक्ट सेंटर, मोबाइल बैंकिंग, एटीएम और कैश डिपॉजिट मशीन जैसी डिजिटल और स्वचालित सेवाएं जारी रहने की उम्मीद है।
पांच दिन बैंक खुले रखने की मांग
यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस की प्रमुख मांगों में पांच दिन बैंक खुले रखने की मांग शामिल है। बैंक यूनियनों की यह मांग लंबे समय से चली आ रही है। बैंक कर्मचारियों का कहना है कि वे पांच दिन के बैंकिंग सिस्टम के लिए अतिरिक्त काम करने को भी तैयार हैं।
यदि मांगों पर सहमति नहीं बनती है तो 26 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी भी दी गई है।
