Yuva India : दिल्ली में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के दौरान पूर्व उपप्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी, विदेश मंत्री एस. जयशंकर, चुनाव आयुक्त डॉ. एसएस संधू और विदेश सचिव विक्रम मिस्त्री जैसे प्रमुख दिग्गजों को नोटिस जारी किया गया है।
मतदाता रिकॉर्ड में विसंगतियों और पिछले एसआईआर के रिकॉर्ड से मिलान नहीं होने के कारण ये नोटिस भेजे गए है। पूर्व उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ और उनकी पत्नी सुदेश धनखड़ को भी यह नोटिस मिला है।
97 लाख से ज्यादा मतदाताओं की ड्राफ्ट सूची जारी
दिल्ली एसआईआर के तहत 97 लाख से अधिक मतदाताओं वाली ड्राफ्ट सूची तैयार की है, जिसमें करीब 31.63 लाख मतदाताओं के रिकॉर्ड में विसंगतियों मिलने के बाद उन लोगों को नोटिस जारी किया गया।
नोटिस का मतलब नाम कटना नही
दिल्ली के मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने स्पष्ट किया है कि नोटिस का मतलब संबंधित मतदाता को अयोग्य घोषित करना या नाम हटाना नहीं है, बल्कि सिस्टम में आंकड़ों को दुरुस्त करने से है।
आडवाणी परिवार के तीन सदस्यों को नोटिस
पूर्व उपप्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी, उनकी बेटी प्रतिभा व बहू गीतिका को एसआईआर के तहत नोटिस जारी किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार उनके नाम का मिलान पिछले एसआईआर रिकॉर्ड से मैच नहीं हुआ। वहीं, उनके बेटे जयंत का नाम मैपिंग में सही पाया गया।
एस. जयशंकर व अन्य को नोटिस
विदेश मंत्री एस. जयशंकर और उनकी पत्नी क्योको जयशंकर को भी नोटिस मिला। इसके अलावा सुप्रीम कोर्ट की पूर्व न्यायाधीश रंजना देसाई और उनके पति, बेटे को नोटिस मिला, चुनाव आयुक्त संधू, विदेश सचिव विक्रम मिस्त्री, प्रधानमंत्री के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार अजय कुमार सुद, स्वास्थ्य सचिव पुण्य सलिला श्रीवास्तव और सीबीआई निदेशक प्रवीम सूद समेत कई प्रमुख नाम इस सूची में शामिल है।
पूर्व जेएनयू कुलपति एम. जगदीश कुमार, दिल्ली के पूर्व उपराज्यपाल नजीब जंग और पूर्व सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी के नाम भी नोटिस पाने वाले लोगों में बताए गए हैं।
29 अक्टूबर तक होगा नोटिस का निपटारा
मुख्य निर्वाचन अधिकारी द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक जिन मतदाताओं को नोटिस मिला है, उन्हें संबंधित निर्वाचन पंजीकरण अधिकारी के समक्ष जवाब और जरूरी दस्तावेज देने होगें। नोटिसों के निपटारे की प्रक्रिया 29 अक्टूबर तक पूरी की जानी है। अंतिम सूची चार नवंबर को प्रकाशित होगी।
