उज्जैन के सती गेट क्षेत्र स्थित खड़े हनुमान मंदिर इन दिनों श्रद्धालुओं और सोशल मीडिया यूजर्स के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। सड़क चौड़ीकरण की कार्रवाई के बाद मंदिर की प्रतिमा फिलहाल टेंट में विराजमान है। इसी बीच मंदिर के आसपास अचानक लंगूरों का झुंड पहुंचने से लोगों की उत्सुकता और बढ़ गई।
क्या है पूरा मामला?
सती गेट क्षेत्र में चल रहे मार्ग चौड़ीकरण अभियान के दौरान मंदिर के ऊपरी हिस्से को हटाया गया है। इसके बाद हनुमान जी की प्रतिमा को टेंट के नीचे रखा गया है।
पिछले कुछ दिनों से सोशल मीडिया पर एक दावा तेजी से वायरल हो रहा है कि प्रशासन की कोशिशों के बावजूद प्रतिमा को उसके स्थान से हटाया नहीं जा सका। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इसके बावजूद बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचकर दर्शन कर रहे हैं।
लोगों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने क्षेत्र में बैरिकेडिंग भी की है, ताकि व्यवस्था और सुरक्षा बनाए रखी जा सके।
लंगूरों के झुंड ने खींचा ध्यान
गुरुवार को मंदिर के आसपास अचानक 12 से अधिक लंगूर पहुंच गए। बताया जा रहा है कि ये लंगूर करीब एक घंटे तक आसपास की इमारतों पर बैठे रहे और मंदिर परिसर की ओर देखते नजर आए।
यह नजारा देखकर वहां मौजूद श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। कई लोगों ने इसे अपनी आस्था से जोड़कर देखा और मौके पर हनुमान जी के जयकारे भी लगाए।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल
मंदिर के पास मौजूद लंगूरों का वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से साझा किया जा रहा है। कुछ लोग इसे संयोग मान रहे हैं, जबकि कई श्रद्धालु इसे धार्मिक आस्था और बजरंगबली की कृपा से जोड़कर देख रहे हैं।
फिलहाल खड़े हनुमान मंदिर में श्रद्धालुओं की आवाजाही लगातार बनी हुई है और पूरा मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।

